असम सरकार ने मुस्लिम विवाह और तलाक कानून निरस्त कर दिया है. असम मुस्लिम विवाह और तलाक पंजीकरण कानून 1930 को शुक्रवार (23 फरवरी) को निरस्त कर दिया गया. यह निर्णय शुक्रवार रात मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की अध्यक्षता में राज्य मंत्रिमंडल की बैठक के दौरान लिया गया. कैबिनेट मंत्री जयंत मल्ल बरुआ ने इसे समान नागरिक संहिता (यूसीसी) की दिशा में एक बड़ा कदम बताया.