49 हस्तियों के खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज करने वाले वकील ने अब किया पुलिस पर केस

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    सुधीर कुमार ओझा (दाईं तरफ) – फोटो : Social Media

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    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लिखे खुले पत्र पर हस्ताक्षर करने वाले फिल्म जगत की 49 हस्तियों के खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज कराने वाले वकील ने अब पुलिस के खिलाफ केस कर दिया है। बिहार पुलिस ने बुधवार को 49 हस्तियों के खिलाफ दर्ज मामले को बंद कर दिया था।

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    शिकायत करने वाले वकील सुधीर कुमार ओझा ने अब पुलिस के खिलाफ ‘विरोध याचिका’ दर्ज कराई है। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सूर्यकांत तिवारी के सामने पेश की गई याचिका में आरोप लगाया है कि पुलिस ने राजनीतिक दबाव में आकर यह कदम उठाया है और इस मामले को सीबीआई को सौंप देना चाहिए।

    ओझा ने कहा, “मेरी शिकायत पर एफआईआर दर्ज हो गई है। मेरी याचिका पर 11 नवंबर को सुनवाई होगी। पुलिस को अदालत के सामने अपनी क्लोजर रिपोर्ट पेश करनी होगी, जहां मैं इसका विरोध करूंगा।” 

    एसएसपी ने दिए केस बंद करने के आदेश

    बिहार के मुजफ्फरपुर के एसएसपी ने बुधवार को 49 प्रतिष्ठित लोगों के खिलाफ दर्ज मुकदमे को बंद करने के आदेश दिए थे। गौरतलब है कि प्रधानमंत्री मोदी को खुला खत लिखने पर इन लोगों के खिलाफ देशद्रोह का मुकदमा दर्ज होने पर केंद्र सरकार की जमकर आलोचना हो रही थी। 

    एसएसपी ने कहा, “राजद्रोह का मामला बंद करने का आदेश दिया गया है। मामला बंद करने का अनुरोध (क्लोजर रिपोर्ट) प्रक्रिया के तहत अदालत को सौंपा जाएगा।” हालांकि, एसएसपी ने मामले में ज्यादा जानकारी नहीं दी। वहीं, पुलिस सूत्रों ने दावा किया कि अब तक की जांच में यह बात सामने आई है कि आरोपियों के खिलाफ लगाए गए आरोप शरारतपूर्ण हैं और उनमें कोई ठोस आधार नहीं है।

    बता दें कि भारतीय दंड संहिता की कई धाराओं के तहत तीन अक्टूबर को एफआईआर दर्ज की गई थी। फिल्म निर्माता मणिरत्नम, अनुराग कश्यप, श्याम बेनेगल, अभिनेता सौमित्र चटर्जी, गायक शुभा मुद्गल, अपर्णा सेन, अडूर गोपालकृष्णन और इतिहासकार रामचंद्र गुहा सहित 49 हस्तियों पर देशद्रोह के आरोप लगे थे।

    यह मुकदमा स्थानीय वकील सुधीर कुमार ओझा की ओर से दो महीने पहले दायर की गई एक याचिका पर मुख्य न्यायिक मैजिस्ट्रेट (सीजेएम) सूर्यकांत तिवारी के आदेश के बाद दर्ज हुआ था। ओझा ने बताया था कि सीजेएम ने 20 अगस्त को उनकी याचिका स्वीकार कर ली थी। इसके बाद मुजफ्फरपुर के सदर पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज हुई। 

    वकील पर दर्ज होगा केस

    हालांकि इससे पहले एसएसपी द्वारा केस रद्द करने के आदेश देने के बाद सुधीर की मुश्किलें बढ़ गई हैं। झूठा मुकदमा दर्ज कराने को लेकर उन पर आईपीसी की धारा 182/211 के तहत केस दर्ज किया जाएगा। आईओ हरेराम पासवान को कार्रवाई करने का आदेश दिया गया है। साथ ही कोर्ट को भी पूरे मामले से अवगत कराने को कहा गया है।

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